साधारण बीमारी के लिए अस्पताल की बजाए ई-संजीवनी से ऑनलाइन ले उपचार

▪️चिकित्सा विभाग की आमजन से अपील
▪️कोरोना संक्रमण बढ़ रहा है, इसलिए साधारण बीमारी के लिए अस्पताल की बजाए ई-संजीवनी से ऑनलाइन ले उपचार: डॉ. मुकेश कुमार

हनुमानगढ़। जिले में कोरोना का संक्रमण बढ़ रहा है। कोरोना पॉजीटिव मरीजों की संख्या में भी दिन-प्रतिदिन बढ़ोतरी हो रही है। ऐसे में आमजन को घर पर रहने के निर्देश दे दिए गए हैं। आवश्यक वस्तुओं को छोड़कर बाजार भी बन्द हो गए हैं। ऐसे में किसी भी बीमारी से ग्रस्ति रोगी अब ई-संजीवनी ऐप्प के जरिए ऑनलाइन उपचार ले सकते हैं। डिप्टी सीएमएचओ डॉ. मुकेश कुमार डिग्रवाल ने बताया कि चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग के ई-संजीवनी ऐप्प के जरिए आमजन कोविड-19 के दौरान घर बैठे ऑनलाइन चिकित्सकीय परामर्श ले सकते हैं। इस ऐप्प से कोई भी नागरिक स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ लेते हुए घर बैठे गुणवत्तापूर्ण चिकित्सकीय सेवाएं निःशुल्क प्राप्त कर सकता है। इससे आमजन कोरोना संबंधी नियमों की पालना भी कर रहे हैं और भीड़ में नहीं जाना पड़ रहा। जिले में पिछले कुछ महीनों में अनेक लोगों ने इस सेवा का लाभ लिया है। विभाग ने पुनः अपील जारी की है कि हनुमानगढ़ जिलावासी अधिकाधिक इस सेवा का लाभ लें।
उन्होंने बताया कि लगभग सभी परिवार के सदस्यों के पास अपने-अपने मोबाइल फोन है। चिकित्सकीय सेवा लेने के लिए अब हमें अस्पतालों के चक्कर काटने की जरूरत नहीं हैं। हम घर बैठे ही ऑनलाइन तरीके से उपचार ले सकते हैं। जिलेवासियों के लिए सरकार ने ऐप्प के माध्यम से ऑनलाइन टेली-कन्सल्टेशन सेवा शुरू की है। कोई भी व्यक्ति सोमवार से शनिवार सुबह नौ बजे से अपरान्ह तीन बजे तक सामान्य बीमारियों के लिए टेली कंसलटेंसी सेवाएं प्राप्त कर सकता है। इसके लिए राज्य के विशेषज्ञ चिकित्सकों को प्रशिक्षित किया गया है जो ऐप्प के माध्यम से सेवाएं दे रहे हैं।
सीओ-आईईसी मनीष शर्मा ने बताया कि इस सुविधा का लाभ लेने के लिए सबसे पहले गूगल ऐप्प से ई-संजीवनी एप डाउनलोड करना होगा। इसके बाद अपना मोबाइल नम्बर ओटीपी के माध्यम से सत्यापित कर पंजीकरण कर सकते हैं। पंजीकरण के लिए नाम, पता, जेंडर व आयु आदि सूचना दर्ज करनी होगी और यदि चाहें तो अपनी पिछली पर्ची भी अपलोड करें। ऐप्प पर दी गई जानकारी अनुसार पेशेंट आईडी और टोकन नंबर मरीज के मोबाइल पर एसएमएस के जरिए भेज दिए जाएंगे। मरीज अपने मोबाइल नम्बर या पेशेंट आईडी या टोकन नंबर डालकर सिस्टम में लॉग-इन करें। मरीज अपने बारी का इन्तजार करें और टोकन नम्बर आने पर ऑनलाइन चिकित्सक से परामर्श प्राप्त करे। परामर्श के दौरान आप संबंधित चिकित्सक को परेशानी, बीमारी, लक्षण आदि के बारे में बताएं ताकि चिकित्सक आपको दवाएं, सावधानी व परहेज आदि बता सकें। टेली-कन्सल्टेशन पूर्ण होने पर ई प्रिस्क्रिप्शन प्राप्त करें। इसके जरिए आप निकटतम सरकारी डीडीसी अथवा किसी भी मेडिकल स्टोर से दवा प्राप्त कर सकेंगे। जरूरत होने पर आप फॉलोअप परामर्श कर सकते हैं।