जिला कलक्टर ने किया जल शोधन संयत्र एवं आर.डबल्यू.आर का निरीक्षण

 श्रीगंगानगर, ( नरेश पारीक)  कलक्टर महावीर प्रसाद वर्मा ने रविवार को आरयूआईडीपी के तृतीय चरण में श्रीगंगानगर के लिए 24 घंटे जलापूर्ति के लिये नाथावाली में निर्माणाधीन 20 एम.एल.डी. क्षमता के जल शोधन संयत्र एवं साधुवाली में 309 एम.एल.डी. क्षमता के आर.डबल्यू.आर का निरीक्षण किया।
 निरीक्षण के दौरान जिला कलक्टर ने सबसे पहले जापान की मियावाकी पद्दती के तहत लगाये गये सघन वन में वृक्षारोपण किया। जिला कलक्टर ने प्रसन्नता जाहिर करते हुए कहा कि आर.डबल्यू.आर. का इतना बडा कार्य किया जा रहा है, परन्तु लोगो को जानकारी नही है। इसके लिए उन्होने  अधिकारियों को निर्देशित किया कि लोगों को भी इस कार्यो की जानकारी होनी चाहिए। उन्होने कहा कि इस परियोजना का कार्य पूर्ण होने पर शहरवासियों को पर्याप्त व शुद्व पेयजल मिलेगा तथा दूर दराज काॅलोनियों में भी पूरा पानी पहुंचेगा।
जिला कलक्टर ने साधुवाली में पुरानी गंगकेनाल में नहर बन्दी के दौरान जल संग्रहण हेतु निर्माणाधीन 309 एम.एम.डी. क्षमता के 3.5 किमी. लम्बाई के आर.डबल्यू.आर. का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान जिला कालक्टर ने आरयूआईडीपी के अधिकारियों को निर्देशित किया कि बचे हुए कार्यो को शीघ्र पूर्ण किया जाये ताकि आमजन को इस योजना का लाभ शीघ्र प्राप्त हो सके। आरयूआईडीपी के अधीक्षण अभियन्ता जसवन्त खत्री ने जिला कलक्टर को अवगत करवाया कि इस परियोजना के तहत किये जा रहे विकास कार्यो के बारे में जानकारी देते हुए जल शोधन संयंत्रा के निर्माण के दौरान उपयोग में ली गई तकनीकी के बारे में विस्तार से बताते हुए आमजन को होने वाले लाभ के बारे में बताया। निरीक्षण के दौरान आरयूआईडीपी के अधिशाषी अभियन्ता राजेन्द्र योगी, सहायक अभियन्ता मनीष बिश्नोई, परियोजना के तकनीकी सलाहकार  एस.पूवेन्द्रम एवं एलएण्डटी के परियोजना प्रबंधक अमित सिहं एवं सीएपीसी के सामाजिक विकास विशेषज्ञ चिंरजी लाल चन्देल उपस्थित थे।