नोहर फीडर में ड्रेनेज विवाद गहराया, किसानों ने सिंचाई अधिकारियों को रोका


नोहर फीडर में ड्रेनेज विवाद गहराया, किसानों ने सिंचाई अधिकारियों को रोका
निर्माण हटाने की मांग पर अड़े किसान, चौपटा के पास प्रदर्शन जारी
नोहर, 29 जून। नोहर फीडर में हरियाणा से ड्रेनेज का पानी छोड़ने की प्रस्तावित व्यवस्था को लेकर सोमवार को विवाद और गहरा गया। हरियाणा के चौपटा गांव के पास निरीक्षण के लिए पहुंचे सिंचाई विभाग के अधिकारियों को आक्रोशित किसानों ने मौके पर रोक लिया। किसानों ने ड्रेनेज सिस्टम के निर्माण का कड़ा विरोध करते हुए कार्य तत्काल बंद करने और निर्माण हटाने की मांग की।
किसानों का आरोप है कि हरियाणा सरकार नोहर फीडर में ड्रेनेज का गंदा पानी छोड़ने की तैयारी कर रही है, जिससे क्षेत्र की कृषि भूमि की उर्वरता प्रभावित होगी और फसलों को भारी नुकसान उठाना पड़ सकता है। इसी के विरोध में राजस्थान के किसान सुबह से ही निर्माण स्थल पर एकत्र होकर प्रदर्शन कर रहे हैं।
निरीक्षण के लिए पहुंची टीम में नोहर सिंचाई विभाग के अधीक्षण अभियंता (एसई) संजीव वर्मा और सहायक अभियंता (एईएन) मनदीप धारीवाल शामिल थे। प्रदर्शनकारी किसानों ने दोनों अधिकारियों को मौके पर रोक लिया और स्पष्ट किया कि जब तक निर्माण कार्य हटाने का आश्वासन नहीं दिया जाएगा, तब तक उन्हें जाने नहीं दिया जाएगा।
आंदोलन का नेतृत्व निवर्तमान प्रधान सोहन ढिल और नगर पालिका अध्यक्ष गुरमेल सिंह कर रहे हैं। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि स्थानीय किसानों से बिना किसी सहमति या संवाद के ड्रेनेज सिस्टम का निर्माण शुरू कर दिया गया, जिसे किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जाएगा।
मौके पर बड़ी संख्या में किसान डटे हुए हैं, जिससे क्षेत्र में तनावपूर्ण स्थिति बनी हुई है। प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी किसानों से वार्ता कर मामले का समाधान निकालने के प्रयास में जुटे हुए हैं। किसानों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगें नहीं मानी गईं तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।