नोहर 16 दिसंबर। निकटवर्ती गांव ननाऊ निवासी डॉ संतलाल छिम्पा के छोटे भाई देवीलाल की सुपुत्री रुचिका की गत 11 दिसंबर को हुई शादी में रुचिका के ससुराल वालों की ओर से दुलहन को ही दहेज मानते हुए बिना दहेज के सादगी पूर्ण शादी करके समाज मे एक मिशाल कायम की गई। उल्लेखनीय है कि आज के युग मे दहेज जैसी कुप्रथा अपने चरम पर है । वही कुछ लोग इसके विपरित उदहारण प्रस्तुत करते है । शादी मे बेटे के पिताराजेंद्र ने शादी में किसी भी तरह के दान दहेज लेने हेतु मना कर दिया तथा एक रुपया व नारियल दहेज के रूप में स्वीकार कर समाज मे एक मिसाल कायम की जो सम्पूर्ण समाज के लिए प्रेणादायक है। राजकीय उच्च माध्यमिक विधालय नोहर मे एलडीसी रुचिका की शादी भादरा निवासी राजेन्द छिम्पा के सुपुत्र संदीप( अध्यापक) के
साथ सम्पन हुई थी ।

