{नोहर तेज़ }राज्य सरकार के निर्देशानुसार राज्य के कला साहित्य सांस्कृतिक एवं पुरातत्व विभाग द्वारा राष्ट्रीय पिता महात्मा गांधी की 150वीं जयंती के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम की श्रृंखला में अगस्त क्रांति सप्ताह के तहत रविवार को प्रथम दिवस स्थानीय श्रीमती नर्बदा देवी बिहाणी राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय में वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया।
वृक्षारोपण कार्यक्रम के बाद महाविद्यालय के सेमीनार हॉल में एक विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया। गोष्ठी में मुख्य वक्ता के रूप में बोलते हुए एसडीएम श्वेता कोचर ने राष्ट्रपिता महात्मा गाँधी के व्यक्तित्व व कृतित्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि गांधी जी ने सत्य और अंहिसा पर बल देते हुए अंग्रेजो भारत छोड़ो आन्दोलन का आगाज किया। देश की आजादी में उनके दिये योगदान को देशवासी सदैव याद रखेगें। नगरपालिका के अधिशाषी अधिकारी दलीप पुनियां ने गांधी जी के जीवन दर्शन को वर्तमान जीवन शैली के साथ जोड़ते हुए कहा कि हम अनेक समस्याओं का समाधान उनके दर्शनशास्त्र से कर सकते हैं। पुलिस उप अधीक्षक महेन्द्र सिंह राजवी ने कहा कि शहीदों की स्मृति में इस तरह के आयोजन किए जाने चाहिए ताकि उनकी स्मृतियां चिरस्थायी बनी रहे व भावी पीढ़ी को मार्गदर्शन भी मिलता रहे। महाविद्यालय की सह आचार्य श्रीमती वीणा छिम्पा ने वृक्षारोपण कार्यक्रम की सराहना करते हुए कहा कि वृक्ष एक जीवित प्राणी है जिसकी सुरक्षा एवं संरक्षण करना हम सब का दायित्व है। सहायक आचार्य हरकेश मीणा अगस्त क्रांति का विस्तारपूर्वक वर्णन करते हुए शहीदों को श्रृद्धाजंलि अर्पित की। महात्मा गाँधी जीवन दर्शन समिति के जिला संयोजक श्रवण तंवर ने कार्यक्रम की विस्तारपूर्वक चर्चा करते हुए शहीदों के जीवन दर्शन पर प्रकाश डाला। उन्होंने महात्मा गांधी को भारत का अनमोल रत्न बताते हुए महाविद्यालय परिसर में गांधी दर्शन साहित्य उपलब्ध करवाने हेतु कॉलेज प्रशासन से आग्रह किया। उन्होंने उपखण्ड अधिकारी से महात्मा गांधी स्टेच्यू लगाने की बात रखी। इस मौके पर नियामत अली, पार्षद सुरेश तिवाड़ी, प्रदीप पुरोहित, सीबीईओं दलीप पारीक,महात्मा गाँधी जीवन दर्शन समिति के ब्लॉक स्तरीय सदस्य रघुवीर सुथार, रणजीत भाटी ने भी विचार रखे। महाविद्यालय प्राचार्य एम.पी. काला ने आभार व्यक्त किया। मंच संचालन प्रदीप पुरोहित ने किया। उक्त कार्यक्रम का आयोजन सोशल डिस्टेसिंग को ध्यान में रखते हुए किया गया।
वृक्षारोपण कार्यक्रम के बाद महाविद्यालय के सेमीनार हॉल में एक विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया। गोष्ठी में मुख्य वक्ता के रूप में बोलते हुए एसडीएम श्वेता कोचर ने राष्ट्रपिता महात्मा गाँधी के व्यक्तित्व व कृतित्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि गांधी जी ने सत्य और अंहिसा पर बल देते हुए अंग्रेजो भारत छोड़ो आन्दोलन का आगाज किया। देश की आजादी में उनके दिये योगदान को देशवासी सदैव याद रखेगें। नगरपालिका के अधिशाषी अधिकारी दलीप पुनियां ने गांधी जी के जीवन दर्शन को वर्तमान जीवन शैली के साथ जोड़ते हुए कहा कि हम अनेक समस्याओं का समाधान उनके दर्शनशास्त्र से कर सकते हैं। पुलिस उप अधीक्षक महेन्द्र सिंह राजवी ने कहा कि शहीदों की स्मृति में इस तरह के आयोजन किए जाने चाहिए ताकि उनकी स्मृतियां चिरस्थायी बनी रहे व भावी पीढ़ी को मार्गदर्शन भी मिलता रहे। महाविद्यालय की सह आचार्य श्रीमती वीणा छिम्पा ने वृक्षारोपण कार्यक्रम की सराहना करते हुए कहा कि वृक्ष एक जीवित प्राणी है जिसकी सुरक्षा एवं संरक्षण करना हम सब का दायित्व है। सहायक आचार्य हरकेश मीणा अगस्त क्रांति का विस्तारपूर्वक वर्णन करते हुए शहीदों को श्रृद्धाजंलि अर्पित की। महात्मा गाँधी जीवन दर्शन समिति के जिला संयोजक श्रवण तंवर ने कार्यक्रम की विस्तारपूर्वक चर्चा करते हुए शहीदों के जीवन दर्शन पर प्रकाश डाला। उन्होंने महात्मा गांधी को भारत का अनमोल रत्न बताते हुए महाविद्यालय परिसर में गांधी दर्शन साहित्य उपलब्ध करवाने हेतु कॉलेज प्रशासन से आग्रह किया। उन्होंने उपखण्ड अधिकारी से महात्मा गांधी स्टेच्यू लगाने की बात रखी। इस मौके पर नियामत अली, पार्षद सुरेश तिवाड़ी, प्रदीप पुरोहित, सीबीईओं दलीप पारीक,महात्मा गाँधी जीवन दर्शन समिति के ब्लॉक स्तरीय सदस्य रघुवीर सुथार, रणजीत भाटी ने भी विचार रखे। महाविद्यालय प्राचार्य एम.पी. काला ने आभार व्यक्त किया। मंच संचालन प्रदीप पुरोहित ने किया। उक्त कार्यक्रम का आयोजन सोशल डिस्टेसिंग को ध्यान में रखते हुए किया गया।


