अर्थात जिसमें परीक्षा आयोजित हो चुकी है। उसमें एमबीसी हेतु शैडो पद सृजित की जाएगी ताकि अभ्यर्थियों को नुकसान न हो तथा जिन भर्तियों में अभी परीक्षा होती है। उन भर्तियों में आरक्षण क्रमश: 10 प्रतिशत और 4 प्रतिशत कुल 14 प्रतिशत देने हेतु कार्मिक विभाग द्वारा सीटों का पुन: वर्गीकरण कर राजस्थान लोक सेवा आयोग को दिया जाएगा। इस आदेश की पालना आरपीएससी ने स्कूल व्याख्याता भर्ती परीक्षा 2018, 19-09-2019 शुद्धि पत्र संख्या 12/2019 में सामान्य की सीट काटकर ईडब्ल्यूएस को 10 प्रतिशत व एमबीसी सीट आवंटित कर दी। गौरतलब है कि आईटीआई, उप प्राचार्य, सहायक वन रेंजर्स व संस्कृत शिक्षा विभाग में प्राध्यापक भर्ती थी। यह भर्तियां भी स्कूल व्याख्याता भर्ती की तरह थी। इनमें भी ईडब्ल्यूएस व एमबीसी आरक्षण प्रावधान पारित होने पर परीक्षा आयोजित नहीं हुई थी। अभी स्कूल व्याख्याता भर्ती की तरह इसमें भी एडमिशन प्रावधान पारित होने पर परीक्षा आयोजित नहीं हुई थी लेकिन इन भर्तियों में आरपीएससी ने पद बढाकर पुन: वर्गीकरण कर पुन: आवेदन आमंत्रित किए गए थे।
अभ्यर्थियों ने विधायक अमित चाचाण से आग्रह किया है कि वे मुख्यमंत्री एवं शिक्षा मंत्री से मिलकर व अन्य आवश्यक पत्राचार, अनुशंषा, प्रस्ताव आदि के माध्यम से स्कूल व्याख्याता भर्ती 2018 में भी सामान्य से काटे कम किए गए 14 प्रतिशत पद बढवायें ताकि सामान्य वर्ग के साथ-साथ ओबीसी, एससी, एसटी, प्रत्येक वर्ग को इसका लाभ मिल सके। विधायक अमित चाचाण ने अभ्यर्थियों की मांग को लेकर मुख्यमंत्री को पत्र लिखने की बात कही। इस मौके पर सुभाष तेतरवाल, भजनलाल कस्वां, विनोद बांदर, गुलाब, रामदत, बजरंग लाल, आनंद व्यास, राजेश सहारण, रामप्रसाद, सुभाष डागला, शंकर शर्मा, अजय गोदारा, राकेश शर्मा सहित अनेक अभ्यर्थी उपस्थित थे।




